आप सभीने तो बेहत कुछ खबर सोशल मीडिया के दौरान जान पा रहे हैं । आप सब कुछ ऐसे खबर जान पाएंगे जिसको सुनकर आप सब हैरान हो जाएंगे । बिरयानी, कड़ी चावल, छोले चावल, और डाल चावल । लोगों को चावल के सारे ये रेसिपी बेहत पसंद आता है । और दुनिया के कई सारे लोग अब चावल से बनी रेसिपी खाना पसंद करेंगे ।
इसके साथ साथ चावल से कई सारे रेसिपी बनाना लोगों को पसंद आता है । और इसके साथ अब चावल को लेकर कुछ खबरें सामने आ रही है । कई सारे लोगों को चावल इतना पसंद है कि दो वक्त चावल खाते हैं ।
और कुछ लोगों ऐसे हे कि रोटी और चावल दोनों में से क्या खाने चाहते है लोगों को पूछा जाए तो लोग चावल चुनते हैं । चावल बनना भी आसान है । आप जानते हैं कि एक किलो चावल के लिए आखिर कितना कीमत चुकानी पड़ता है ? यह बात पैसा को नहीं हो रही है ये बात तो चावल उगाने के लिए कितनी पानी लगती है ये बात है ।
अब ये खबर सामने आने के बाद बेहत कुछ बातें पता चलता है । स्पेन की बहु राष्ट्रीय कंपनी एवरो फूड्स और ब्रिटेन के चावल के प्रबंधक डिलडा जिन फिलिप लेबर्डे बताते हैं कि धान के पौधे को बेहत ज्यादा पानी लगता है ।

एक किलो चावल उगाने के लिए लगभग 3000 से 5000 लीटर पानी लगता है । ये बेहत ज्यादा है । दक्षिण और दक्षिण-पूर्व एशिया में ज्यादादर चावल उगाते है । ये इलाका धान के खेती के लिए अनुकूल है । जब ये पौधे बढ़ जाते हैं तो मिथेन गैस बढ़ाते है । और इसके साथ साथ ये सारे ये गैस बढ़ाने की काम करते हैं ।
मिथेन एक शक्तिशाली ग्रीन हाउस गैस है । जो तापमान बुद्धि के लिए 30 प्रतिशत जिम्मेदारी है । हमारी दुनिया में कई लोगों के लिए चावल बेहद ज्यादा जरूरी है । किसके लिए ये संस्कृति और प्रेम है । बड़ी बड़ी लोग हर कोई चावल खाना पसंद करते है ।
ये संस्कृति की बुनियाद है । मिठाई यानी डिजर्ट में भी चावल इस्तेमाल होता है । चावल हर जगह इस्तेमाल होता है । डाक्टर ए वन पिंटो के कहना है कि दुनिया की कुल आबादी में 50 से 56 प्रतिशत हिस्सा, मुख्य भोजन के लिए चावल पर निर्भर है । हर साल पूरी दुनिया में 52 करोड़ टन चावल खाते हैं । हर रोज लोग चावल खाते हैं ।
भारत में 2024 साल में धान उगाने के समय तापमात्रा 53 डिग्री तक बढ़ गई थी । अब ये समस्या की समाधान खोजने लग रहे हैं । अब आलू सुपर फूड है ये बात भी पता चला है । अब धान कंपनी टील्डा कम पानी में धान उगाने के लिए एक नई टेक्नीक बाहर कर रही है ।